लापरवाही पर आठ स्वास्थ्य कर्मियों से अधीक्षक ने मांगा जवाब
सिद्धार्थ नगर भनवापुर। उपकेंद्र चिताही में संपूर्णता अभियान के तहत आयोजित संचार गतिविधि एवं माता बैठक का अधीक्षक सीएचसी सिरसिया डॉ. शैलेंद्र मणि ओझा ने औचक निरीक्षण किया।स्वास्थ्य कर्मियों के द्वारा गर्भवती का संपूर्ण जांच नहीं करने पर आठ कर्मियों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
मल्हवार, लोहरौली, जुवाराई तथा देवरिया चमन में कार्यरत नौ आशा बहुओं के कार्यों का भौतिक सत्यापन सीएचसी अधीक्षक ने सत्यापन के लिए गठित 8 सदस्यीय टीम से करवाया। बीएमसी सूर्यदेव सिंह तथा बीओसी सुषमा द्विवेदी ने भी आशा वर्कर कार्य के सत्यापन में सहयोग किया। आशा बहू के भौतिक सत्यापन में मुख्य रूप से योग्य दंपति का एलएमपी अपडेशन, गर्भवती महिलाओं का शीघ्र पंजीकरण, प्रसव पूर्व कम से कम 4 जांच, संस्थागत प्रसव, गृह आधारित नवजात शिशु तथा बच्चों का देखभाल कार्यक्रम तथा आशा डायरी आदि को शामिल किया गया।
खराब कार्य करने वाली आशा लक्ष्मी, अनीता, दुर्गानंदिनी, ममता, रेनू, राज कुमारी, प्रीतम को अधीक्षक ने गांव में चेतावनी पत्र भी मौके पर जारी किया। सत्यापन के दौरान पाया गया कि एएनएम ने यूरिन और पेट की जांच नहीं करती है। इस संबंध में एएनएम कुसुम लता वर्मा को चेतावनी पत्र जारी करते हुए तीन कार्य दिवस के अंदर स्पष्टीकरण देने के लिए आदेशित किया गया। इस दौरान ध्रुवचंद, मेराज अहमद, राजीव त्रिपाठी, राहुल कुमार, मनोज कुमार, दीपक मधुकर, कुशलावती, रीता व अन्य लोग मौजूद रहे।











